नज़रिया – यह नागरिकता का प्रकल्प, हिटलर की हूबहू नकल है

नज़रिया – यह नागरिकता का प्रकल्प, हिटलर की हूबहू नकल है

सब जानते हैं, एनपीआर एनआरसी का मूल आधार है। खुद सरकार ने इसकी कई बार घोषणा की है। एनपीआर में तैयार की गई नागरिकों की सूची की ही आगे घर-घर जाकर जाँच करके अधिकारी संदेहास्पद नागरिकों की सिनाख्त करेंगे और सभी को इस सिनाख्त के आधार पर पहचान पत्र दिये जाएँगे। यह पूरा प्रकल्प हुबहू […]

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 संघ के मंच पर कभी नहीं गए अंबेडकर

संघ के मंच पर कभी नहीं गए अंबेडकर

अम्बेडकर के समय में देश में कांग्रेस थी, वामपंथ था, संघ भी था। अम्बेडकर की इन तीनों से मतभेद थे। लेकिन अम्बेडकर अपनी असहमति के साथ कांग्रेस के मंच पर जाया करते थे, कम्युनिस्टों के प्रोग्राम में भी जाकर अपनी बात रखते थे। लेकिन इसका कहीं भी प्रमाण नहीं मिलेगा कि बाबा साहेब आरएसएस के […]

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 नज़रिया – बदले बदले से मोहन भागवत, आखिर माजरा क्या है ?

नज़रिया – बदले बदले से मोहन भागवत, आखिर माजरा क्या है ?

संघ प्रमुख मोहन भागवत का भाषण चर्चा का विषय बना हुआ है। लोग उनके भाषण के निहितार्थ निकालने में लगे हैं। जिनका संघ के बारे में अध्ययन नहीं है, वे इसे संघ में बदलाव की संज्ञा दे रहे हैं। लेकिन न संघ बदला है, न ही कभी बदलेगा। दरअसल मोहन भागवत के भाषण को उसके […]

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 शादी का झांसा देकर बंगाल भाजपा कार्यकर्ता का रेप करता था आरएसएस नेता

शादी का झांसा देकर बंगाल भाजपा कार्यकर्ता का रेप करता था आरएसएस नेता

संघ की सहयोगी संस्था अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के एक वरिष्ठ नेता को सोमवार (17 सितंबर) को दिल्ली से बंगाल की भाजपा कार्यकर्ता से बार-बार बलात्कार के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. महिला ने अमलेंदु चट्टोपाध्याय के खिलाफ बीते 31 अगस्त को बलात्कार का मामला दर्ज कराया था. महिला ने आरोप लगाया कि अमलेंदु […]

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 11 साल से चल रहा था मुक़दमा, बहस पूरी नहीं हुई और जज ने मान लिया दोषी

11 साल से चल रहा था मुक़दमा, बहस पूरी नहीं हुई और जज ने मान लिया दोषी

कभी एक फिल्म आई थी रुका हुआ फैसला लेकिन आज जो मेरे सामने गुजरा- बहस की तारीख पर आया एक लिखा हुआ फैसला। आतंकवाद के मामलों में मुकदमें लड़ने वाले अधिवक्ता मुहम्मद शुऐब ने अचरज के साथ यह बात कही। वे कहते हैं कि 16 अगस्त 2018 को जेल कोर्ट लखनऊ में तारिक कासमी और […]

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 असम में NRC से सिर्फ़ बंगाली मुस्लिम नहीं, बल्कि हिन्दू भी प्रभावित हैं

असम में NRC से सिर्फ़ बंगाली मुस्लिम नहीं, बल्कि हिन्दू भी प्रभावित हैं

बस इतना समझ लीजिये कि 40 लाख सिर्फ मुस्लिम नहीं हैं. उसमें वो सभी लोग हैं, जो बंगाली भाषी हैं. उसमें हिन्दू और मुसलमान दोनों हैं. क्योंकि असमिया लोगों को बंगाली बर्दाश्त नहीं, उनकी नज़र में हर बांगलाभाषी बांग्लादेशी है. अब सवाल ये है, कि जब ये मामला पूर्णतः असमिया और बंगाली के बीच की […]

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 नज़रिया – क्या शहरी माओवादी वाला सारा मामला 2019 का चुनाव प्रचार है ?

नज़रिया – क्या शहरी माओवादी वाला सारा मामला 2019 का चुनाव प्रचार है ?

मोदी को मारने वाली पहले की तमाम कहानियां झूठी साबित हो चुकी हैं. कोई आदमी राजनीतिक फ़ायदे के लिए “ख़ुद की हत्या” तक की कहानी कैसे लगातार ठेल सकता है? कितना असंवेदनशील आदमी है ये? Rona Wilson प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की हत्या का प्लॉट रच रहे थे! सीरियसली? मोदी साहब को अपनी जान का ख़तरा दिखाने […]

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 नज़रिया – प्रणब दा का भाषण और कांग्रेस का डैमेज कंट्रोल

नज़रिया – प्रणब दा का भाषण और कांग्रेस का डैमेज कंट्रोल

कल से कांग्रेस डैमेज कंट्रोल मे जुटी है कि’ प्रणव दा ‘ ने संघ के कार्यक्रम मे जाकर” यह कह दिया , वो कह दिया ” मुझे तो ऐसा कुछ ख़ास सुनाई नही दिया कि जिससे संघ को शर्मिंदा होना पड़ा हो, जहां तक राष्ट्र , राष्ट्रवाद और राष्ट्रीयता की बात करने का सवाल है […]

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 हेडगेवार को प्रणब मुखर्जी ने कहा "भारत माता का महान सपूत"

हेडगेवार को प्रणब मुखर्जी ने कहा "भारत माता का महान सपूत"

प्रणब मुखर्जी गुरुवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के मुख्यालय पहुंचे. मुख्यालय में अपना बहुप्रतीक्षित भाषण देने से पहले प्रणब आरएसएस के संस्थापक डॉ. केबी हेडगेवार की जन्मस्थली पर गए और उन्हें श्रद्दांजलि अर्पित की. प्रणब मुखर्जी ने विजिटर बुक में हेडगेवार के बारे में अपने विचार भी जाहिर किए. पूर्व राष्ट्रपति और कांग्रेसी नेता रहे […]

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 नज़रिया – ये किसी भी सभ्यता के ख़त्म होने की शुरुआत का संकेत होता है

नज़रिया – ये किसी भी सभ्यता के ख़त्म होने की शुरुआत का संकेत होता है

 कृष्ण यादव अमेरिका में 9/11 के बाद मुस्लिमों के साथ जो हुआ उसपर अमरीका के बाहर बहुत सी फिल्में बनी, लेकिन अमेरिका में नहीं बनी। क्यों ? कारण ये था की जॉर्ज बुश ने अपने ही देश में प्रजा को रोने या शोर मचाने का freedom ही नहीं दिया । जो भी human rights की […]

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