आल इण्डिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन ( AIMIM) के लिए 2019 का लोकसभा चुनाव एक बड़ी ख़ुशी लेकर आया है. अब तक AIMIM के एक ही सांसद संसद में हुआ करते थे. और वो थे मजलिस के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी. पर इस बार उन्हें एक साथी मिल गया है और वो साथी हैं, महाराष्ट्र के औरंगाबाद से चुने गए इम्तियाज़ जलील.

इम्तियाज़ जलील महाराष्ट्र इससे पूर्व महाराष्ट्र विधानसभा में AIMIM का औरंगाबाद की ही नेतृत्व किया करते थे. अब इम्तियाज़ जलील लोकसभा में औरंगाबाद का नेतृत्व करते नज़र आएंगे. इम्तियाज़ राजनीति में आने से पहले पत्रकारिता किया करते थे, और अपनी पत्रकारिता से क्षेत्र के लोगों में काफी फेमस हुआ करते थे.

लोकसभा चुनाव के पूर्व AIMIM चीफ़ असदुद्दीन ओवैसी ने प्रकाश आंबेडकर के साथ मिलकर चुनाव लड़ने का फ़ैसला किया. उनके इस फैसले का असर भी नज़र आया. वंचित बहुजन आघाडी के उम्मीदवारों ने कई स्थान पर शानदार प्रदर्शन किया और औरंगाबाद में अपने उम्मीदवार को विजयी कराने में अहम् भूमिका निभाई.

औरंगाबाद में इम्तियाज़ जलील को 389042 मत प्राप्त हुए उन्होंने शिवसेना के चंद्रकांत बाबुराव खैरे को 4492 मतों से पराजित किया. चंद्रकांत बाबुराव खैरे ने पिछला चुनाव 162000 से जीता था.