मेरा अपना भारत

मेरा अपना भारत

मेरा अपना भारत मेरे बचपन से शुरु होता है,बिजनोर में गुज़रे हुए वक़्त से,जहां बस से उतर जाने के बाद अपने ननिहाल के मुस्लिम मोहल्ले में घुसने से पहले वहां की शुरुआत “राम” के चौराहे से होती थी,जहाँ कोने ही पर एक मंदिर मौजूद था,और यकीन मानिए वो बिजनौर के सबसे बड़े इलाकों में से […]

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 क्योंकि किसी का भी मरना हमारे लिए कोई मायने है ही नही

क्योंकि किसी का भी मरना हमारे लिए कोई मायने है ही नही

हम उस दौर में है जहाँ “मायनों” की मौत हो चुकी है,मुझे नही पता उन्हें दफ़न किया गया है या जलाया गया है,लेकिन वो मर गए है,उनकी मौत ही ने हमे खोखला कर दिया है। क्योंकि अब हमें हैरत ही नहीं होती है किसी की मौत पर,ये एक मामूली बात हो गयी है,क्योंकि ये चीज़ […]

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 गांधी के साथ,या गांधी के ख़िलाफ़?

गांधी के साथ,या गांधी के ख़िलाफ़?

एक एक कर बारी बारी चारों गोलियाँ सीने को चीरते हुए उसमे समा गई और महज़ उन बंदूक से निकले बारूद ने एक युग को,एक समाज को और एक विचारधारा को महज कुछ गोलियों से ढेर कर दिया,वो बूढ़ा जिस्म वही ढेर हो गया,और “हे राम” के साथ एक महात्मा को एक “हैवान” ने मौत […]

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 नज़रिया- किताबें बहुत कुछ सिखाती हैं

नज़रिया- किताबें बहुत कुछ सिखाती हैं

किताबे,पुस्तक और बुक्स इन तीनो ही शब्दों के मायने एक है लेकिन एक है “किताब” जो क़ुरान है,जो गीता है और गुरु ग्रन्थ साहिब है और दूसरी है “पुस्तक” जो किसी भी हिंदी साहित्य के बड़े रचनाकार और पाठक के मुंह से हम सुन सकतें है और तीसरी है “बुक” यानी “दी बुक ऑफ़ एलाई” […]

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 गुजरात – दस प्रतिशत आबादी की अनदेखी करना कांग्रेस को भारी पड़ा

गुजरात – दस प्रतिशत आबादी की अनदेखी करना कांग्रेस को भारी पड़ा

गुजरात चुनाव के परिणाम आ गए है,चुनाव आयोग की वेबसाइट के अनुसार भाजपा को बहुमत मिला है और भाजपा के राष्ट्रीय अध्य्क्ष ने वहां सरकार बनाने के ऐलान कर दिया है । भाजपा छठी बार लगातार गुजरात मे सरकार बनाने जा रही है,इस बार मुक़ाबला मोदी और राहुल का आमने सामने था और परिणाम बता […]

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