दुबई  स्थित ट्रांसगार्ड ग्रुप के एक कर्मचारी को न्यूजीलैंड में आतंकवादी हमलों का जश्न मनाते हुए फेसबुक पर एक टिप्पणी पोस्ट करने के लिए बर्खास्त और निर्वासित किया गया है. 15 मार्च को क्राइस्टचर्च की दो मस्जिदों में शुक्रवार की नमाज के दौरान हुए आतंकी हमलों में 50 लोग मारे गए थे.

“सप्ताहांत में, एक ट्रांसगार्ड ग्रुप के कर्मचारी ने अपने व्यक्तिगत फेसबुक अकाउंट पर क्राइस्टचर्च, न्यूजीलैंड की मस्जिद में हुए आतंकी हमले का जश्न मनाया और भड़काऊ टिप्पणियां कीं. उसके बाद उस व्यक्ति की आंतरिक जांच की गई, जिससे बाद यह तथ्य सामने आया कि यह व्यक्ति सोशल मीडिया में अपनी पहचान छुपाकर अपने विचार व्यक्त कर रहा था.

इस व्यक्ति की वास्तविक पहचान की पुष्टि करने के बाद, उसे ट्रांसगार्ड द्वारा पकड़ा गया, उसकी सुरक्षा क्रेडेंशियल्स छीन ली गई, साथ ही उसे नौकरी से निकाल दिया गया. कंपनी की नीति और यूएई के सायबर क्राईम सम्बंधित क़ानून नंबर 5, 2012 के तहत संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया गया.

ट्रांसगार्ड के मैनेजिंग डायरेक्टर ग्रेग वार्ड ने मंगलवार को गल्फ न्यूज को दिए एक बयान में कहा, “सोशल मीडिया के अनुचित उपयोग के लिए हमारे पास शून्य-सहिष्णुता की नीति है, और इसलिए उक्त व्यक्ति को तुरंत नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया और संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया गया।”

ट्रांसगार्ड द्वारा दिए गए बयान में कहा गया है कि “यूएई के कड़े साइबर क्राइम नियमों के समर्थन में ट्रांसगार्ड द्वारा दीर्घकालिक सोशलमीडिया नीति स्थापित की गई थी, जिसके अनुसार नियमित निगरानी, ​​मूल्यांकन और यदि आवश्यक हो, तो संघीय कानून के अनुसार, जुर्माना, समाप्ति और निर्वासन सहित अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है.

उस ट्रांसगार्ड स्टाफ ने अपनी फ़ेसबुक टिपण्णी में केवल नरसंहार पर खुशी व्यक्त नहीं की थी, बल्कि उसने शुक्रवार की प्रार्थना के दौरान अन्य मस्जिदों पर भी इसी तरह के हमलों का आह्वान किया था.

यह पहली बार नहीं है जब किसी को सोशल मीडिया पोस्ट के कारण निकाल दिया गया हो. पिछले साल दुबई में एक 56 वर्षीय व्यक्ति को फेसबुक पर एक वीडियो अपलोड करने के बाद बर्खास्त कर दिया गया था, जिसमें उसने केरल के मुख्यमंत्री पिनारयी विजयन को मारने और उनके परिवार का बलात्कार करने की धमकी दी थी.2017 में, एक अन्य व्यक्ति को पत्रकार राणा अय्यूब के खिलाफ आपत्तिजनक फेसबुक संदेश पोस्ट करने के लिए बर्खास्त कर दिया गया था. 31 वर्षीय वह व्यक्ति दुबई में एक पेंट कंपनी कंपनी में कार्य करता था.