एनएसए या राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून (रासुका) क्यों लगाया जाता है?

एनएसए या राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून (रासुका) क्यों लगाया जाता है?

गौहत्या एक संवेदनशील अपराध है और इसके दुष्परिणाम कानून व्यवस्था पर बहुत तेज़ी से पड़ते रहे हैं, तब भी जब इसका राजनीतिकरण नहीं हुआ था और अब भी जब इसका राजनीतिकरण हो गया है । इसकी संवेदनशीलता को देखते हुए ही 1857 में हुये जन विप्लव के बाद जब अंतिम मुग़ल सम्राट बहादुरशाह जफर को […]

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 देश में पनप रहा है भीड़ तंत्र

देश में पनप रहा है भीड़ तंत्र

एक भीड़ है। उस पर किसी का नियंत्रण नहीं है। वह आजाद है। कहीं कहीं उसे सत्ता संरक्षण मिला हुआ है, तो कहीं वह कानून को धता बताते हुए मनमानी करती है। अब उस भीड़ की एक पहचान भी बन गई है। गले में भगवा पट्टा। हाथ में स्मार्ट फोन। स्मार्ट फोन इसलिए कि अपनी […]

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